पढाई-लिखाई लेल बैंक सं कर्ज लेब कतेक दुष्कर होइत छैक,से लोन लेनिहारे बुझैत छथि। बैंकक आगां में बड़का-बड़का बोर्ड लटकल रहैत छैक आ आनो रूप मे प्रचारित कएल जाइत छैक जे शिक्षा ऋण सुलभ अछि। मुदा खेत-पथारक कागज देखएलहुं पर बैंक कर्ज आसानी सं नहि दैत छैक। एहि पर संज्ञान लैत रिजर्व बैंक स्पष्ट कएने अछि जे चारि लाख रूपय्या तक के कर्ज पर कोनो गारंटी मंगबाक हक़ बैंक के नहिं छैकः

(हिंदुस्तान,पटना,15.4.2010)
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